हमारे बारे में
JJV NEWS
स्वतंत्र पत्रकारिता • जनहित • सच्ची और निष्पक्ष जानकारी
“पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और इसकी सबसे बड़ी ताकत उसकी स्वतंत्रता, निष्पक्षता और विश्वसनीयता है।”
JJV NEWS की स्थापना आज की पत्रकारिता के बदलते स्वरूप को देखते हुए की गई है। आए दिन यह देखने को मिल रहा है कि पत्रकारिता का अस्तित्व और उसकी विश्वसनीयता लगातार प्रभावित हो रही है।ज्यादातर मीडिया हाउस अपने निजी हितों और व्यावसायिक दबावों के कारण सही खबरों को जनता तक पहुंचाने के बजाय अन्य प्राथमिकताओं को महत्व दे रहे हैं।
ऐसे समय में यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि क्या कॉरपोरेट घरानों द्वारा संचालित या पारिवारिक विरासत बन चुके मीडिया संस्थानों के बीच किसी ऐसे संस्थान की कल्पना की जा सकती है, जहां सिर्फ पत्रकारिता और पाठक को महत्व दिया जाए?
क्या ऐसा कोई अखबार, टेलीविजन चैनल या मीडिया प्लेटफॉर्म हो सकता है, जहां संपादक पत्रकारों की नियुक्ति,खबरों की कवरेज और संपादकीय निर्णय संस्थान तथा पत्रकारिता के हित को ध्यान में रखकर लें—न कि संस्थान के मालिक, किसी नेता या विज्ञापनदाता के हितों को ध्यान में रखकर?
किसी भी लोकतंत्र में जनता मीडिया से इतनी उम्मीद तो करती ही है। भारत जैसे विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र में मीडिया के वर्तमान माहौल में संपादकों को यह स्वतंत्रता मिलना हालांकि बेहद कठिन होता जा रहा है। समय के साथ पत्रकारिता का स्तर प्रभावित हुआ है और परिस्थितियां लगातार चुनौतीपूर्ण होती जा रही हैं।
पत्रकारिता के सामने बढ़ती चुनौतियां
पत्रकारिता में दिनोंदिन कई गलत प्रचलन सामने आ रहे हैं, जैसे—
- खबरों को गैर-जरूरी तरीके से संपादित करना
- पेड न्यूज का बढ़ता चलन
- निजी संबंधों या हितों के आधार पर खबरों को प्राथमिकता देना
- व्यावसायिक समझौतों के प्रभाव में पत्रकारिता करना
- महत्वपूर्ण सूचनाओं को जनता तक न पहुंचाना
मीडिया संस्थान अब कई बार खबर तक पहुंचने और उसे जनता तक पहुंचाने के बजाय पत्रकारिता की आड़ में व्यापारिक समझौतों को प्राथमिकता देने लगे हैं। कुछ महत्वपूर्ण सूचनाएं और खबरें जनता तक पहुंचती ही नहीं हैं, क्योंकि उन्हें किसी व्यक्ति या संस्था विशेष को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से सामने लाना उचित नहीं समझा जाता।
धीरे-धीरे ही सही, लेकिन जनता भी इस बात को समझने लगी है कि पत्रकारिता खतरे में पड़ रही है। आमजन का मीडिया पर विश्वास कम हो रहा है। वही मीडिया, जो लोकतंत्र का ‘चौथा स्तंभ’ होने का दावा करता था, आज अपनी विश्वसनीयता बचाने की चुनौती का सामना कर रहा है।
JJV NEWS के अस्तित्व में आने की मुख्य वजह यही है कि अगर पत्रकारिता को बचाए रखना है, तो उसे संपादकीय और आर्थिक स्वतंत्रता देनी ही होगी।
और इसका एक महत्वपूर्ण रास्ता यह है कि आमजन को इसमें भागीदार बनाया जाए। जो पाठक इस तरह की पत्रकारिता को बचाए रखना चाहते हैं, जो सच तक पहुंचना चाहते हैं और चाहते हैं कि खबर को साफगोई एवं निष्पक्षता के साथ पेश किया जाए, न कि किसी के व्यक्तिगत या व्यावसायिक फायदे को देखकर—वे इस प्रयास में हमारे साथ खड़े हों।
JJV NEWS जनहित और लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप पत्रकारिता करने के लिए प्रतिबद्ध है। खबरों के विश्लेषण और उन पर टिप्पणी देने के साथ-साथ हमारा उद्देश्य रिपोर्टिंग के पारंपरिक स्वरूप को भी बचाए रखना है।
जैसे-जैसे हमारे संसाधन बढ़ेंगे, हम ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचने और अधिक व्यापक स्तर पर पत्रकारिता करने का प्रयास करेंगे। इस उद्देश्य की दिशा में यह हमारा छोटा ही सही, लेकिन महत्वपूर्ण कदम है।
पाठकों से हमारी अपील
पत्रकारिता के इस स्वरूप को आगे बढ़ाने की राह में हमारे सामने सबसे बड़ी चुनौती जरूरी संसाधनों की उपलब्धता है।
हमारी पाठकों से बस इतनी गुजारिश है—
हमें पढ़ें, हमारी खबरों को शेयर करें और स्वतंत्र पत्रकारिता के इस प्रयास को आर्थिक सहयोग दें।
आपका सहयोग हमें किसी दबाव के बिना स्वतंत्र रूप से पत्रकारिता करने और सही जानकारी पाठकों तक पहुंचाने में मदद करेगा।
JJV NEWS
सच के साथ • जनहित के साथ • स्वतंत्र पत्रकारिता के साथ