गधा पहलवान सालुंके मेहरबान ?
ठाणे ( चंद्रभूषण विश्वकर्मा ) । ठाणे महानगरपालिका में आये दिन भ्रष्टाचार का मामला प्रकाश में आ रहा है लेकिन उसके बावजूद भी ठाणे मनपा भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने में असमर्थ है ऐसा ही एक चौंकाने वाला मामला प्रकाश में आया है जिसमें रायला देवी प्रभाग समिति के पानी पुरावठा में लगभग पंद्रह साल से एक ही विभाग में महादेव जांगड़े कुर्सी गरम कर रहे है जबकि महानगर पालिका अधिनियम के तहत किसी भी अधिकारी का तीन से पांच में तबादला होना चाहिए था लेकिन इस भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े का तबालदला करने की हिम्मत किसी में नहीं हुआ क्योंकि भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े का लोगो में कहना है कि ” *मेरा नाम है महादेव जांगड़े , मेरा कोई क्या करेगा बांगड़े क्योंकि मेरे साथ है नागड़े ।* सूत्रों की माने तो भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े पानी पूरवठा विभाग में लगभग पंद्रह वर्षों से अधिक समय से सभी पानी विभाग के ठेकेदारों के साथ मिलकर स्लीपिंग पार्टनरशिप में केंद्र और राज्य सरकार के साथ साथ महानगर पालिका के योजनाओं पर काम कर पाप की काली कमाई में जुटा हुआ है ।

गौरतलब है कि इस भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े द्वारा शहर के विभिन्न इलाकों में खराब गुणवत्ता और कम दबाव पानी सप्लाई कर , ठेकेदारों में असंख्य वाल मैन और सुरक्षा बल के पगार में भी हेरफेर कर अपने सरदार को खुश करने में लगा रहता है ताकि भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े कि काली कमाई का पोल ना खुलें ।
आपको बता दे कि सूचना का अधिकार 2005 के तहत मांगी गई एक जानकारी में ताल मटोल करते हुए इस भ्रष्ट अधिकारी ने अपने सरदार कार्यकारी अभियंता व प्रथम अपीलीय अधिकारी शशिकांत सालुंके द्वारा भी भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े पर डीम रिफ्यूज़ल और विभागीय जांच कर कार्यवाही करने की हिम्मत नहीं जुटा पाए , क्योंकि भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े का कहना रहता है कि
” *दाल भात लोनचा आम्ही नाही कोणचा , भ्रष्टाचारी हैं आम्ही ? सरदार आहे आमचा ? ? “* ऐसा कहना भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े और उनके सरदार शशिकांत सालुंके का है क्योंकि सालुंके द्वारा कार्यवाही को बार बार टालने का नया नया बहाना यह साबित कर है कि इस भ्रष्ट अधिकारी पर सालुंके का भी बड़ा आशीर्वाद है जब कि लोगो में इस भ्रष्टाचारी महादेव जांगड़े को लेकर चर्चा है कि जांगड़े द्वारा ठेकेदारों में स्लीपिंग पार्टनरशिप कर करोड़ो की काली कमाई कर अपने सरदारों को खुश करने के लिए पाप की काली कमाई का बटवारा किया जाता है इसलिए ही इस भ्रष्ट अधिकारी के लिए नियमों और कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जाती है और किसी भी बड़े अधिकारी माई के लाल में दम नहीं है कि इस भ्रष्ट अधिकारी जांगड़े की चल अचल संपत्ति की जांच कर इस पर कार्यवाही करे और इसका तबादला कर दे ?
हालांकि ठाणे करो की मांग है कि ऐसे रिश्वतखोर और भ्रष्ट अधिकारी के संगे संबधी और रिश्तेदारों के चल अचल संपत्ति की जांच की जाए और इसे तत्काल सेवा से हमेशा के लिए बर्खास्त कर सलाखों के पीछे डाला जाए ताकि इस पाप की काली कमाई करने वाले भ्रष्ट अधिकारियों को सबक और ठाणे करो को न्याय मिले , अब देखना यह दिलचस्प होगा कि क्या ठाणे मनपा और शासन का कोई आला अधिकारी इस भ्रष्टाचारी की जांच कर ठाणे करो को न्याय दिला पाएगा ?